किसी बीमारी से ज़्यादा दर्द देता है इमोशनल पेन

आर्टिकल रेफ्रमिंग माइ हार्ट पर डिस्कशन

तवलीन फाउंडेशन के सोल स्पेस रीडर क्लब की ओर से अमरीका के मेयो क्लिनिक के डॉ. अमित सूद के आर्टिकल 'रेफ्रमिंग माइ हार्ट' पर डिस्कशन किया गया| इसमे बतोर मॉडारेटर रीता सिंघल शामिल हुई|
उन्होने काहा कि लाइफ में जो हमें दर्द भरे पल मिलते हैं, वह हमें करुणा, स्वीकारने और माफ़ करने की प्रॅक्टीस कराते है | इमोशनल पेन पीठ के दर्द से ज़्यादा असहनिया होता है | हमारी मेमोरी भी नकारात्मक बातों को ज़्यादा अच्छे से ज़्यादा दिनो तक याद रखती हैं|
इमोशनल पेन से राहत के लिए यादगार लम्हों के इलाज़ की ज़रूरत होती है |

चिकित्सात्मक सर्जरी है माफ़ कर देना

रीता ने कहा कि माफी ऐसी चिकित्सात्मक सर्जरी है जो जीवन से इमोशनल पेन को दूर कर देती है| जब तक हम माफ़ करना सीख नही लेते तब तक मन को दुखो की भावनाओ से दूर नही कर सकते | कार्यकर्म मे डॉ. भारत रावत, विरेन्द्र गोयल, डॉ. मुकेश मोध, रवि बफना, आशा भाटिया, राजेश जैन, डॉ. एमएस होरा, अरुण सचदेव ने एक ऐसी माँ की कहानी बताई जिसकी बेटी की किशोरावस्था मे हत्या कर दी गई थी और उसने जीवन के कालातीत मूल्‍यो के उपयोग के साथ हत्यारे के जीवन को कैसे बदल दिया|


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